पंचांग 2051: पूर्णिमा, अमावस्या, एकादशी और त्योहारों की तिथियाँ, महीने के अनुसार

2051 की हर पूर्णिमा, अमावस्या, एकादशी और मुख्य त्योहार, नई दिल्ली के लिए गणना। उस दिन के पूरे पंचांग के लिए तारीख पर टैप करें।

2051 में 12 पूर्णिमा, 12 अमावस्या और 25 एकादशी हैं।

नई दिल्ली, भारत के लिए तिथियाँ और समय

2051 महीने के अनुसार

महीनाहिंदू मासपूर्णिमाअमावस्याएकादशीत्योहार
जनवरीपौष26 जनवरी12 जनवरी8 जनवरी, 22 जनवरीमकर संक्रांति (15 जनवरी)
फ़रवरीमाघ25 फ़रवरी10 फ़रवरी7 फ़रवरी, 21 फ़रवरीवसंत पंचमी (15 फ़रवरी)
मार्चफाल्गुन26 मार्च12 मार्च9 मार्च, 22 मार्चमहाशिवरात्रि (11 मार्च), होलिका दहन (26 मार्च), होली (27 मार्च)
अप्रैलचैत्र25 अप्रैल10 अप्रैल7 अप्रैल, 21 अप्रैलचैत्र नवरात्रि आरंभ (11 अप्रैल), राम नवमी (19 अप्रैल), हनुमान जयंती (25 अप्रैल)
मईवैशाख25 मई10 मई6 मई, 21 मईअक्षय तृतीया (12 मई)
जूनज्येष्ठ23 जून8 जून5 जून, 20 जूनवट सावित्री (8 जून)
जुलाईआषाढ़23 जुलाई7 जुलाई4 जुलाई, 19 जुलाईरथ यात्रा (10 जुलाई), गुरु पूर्णिमा (23 जुलाई)
अगस्तश्रावण21 अगस्त6 अगस्त2 अगस्त, 18 अगस्तनाग पंचमी (11 अगस्त), रक्षाबंधन (21 अगस्त), जन्माष्टमी (28 अगस्त)
सितंबरभाद्रपद20 सितंबर4 सितंबर1 सितंबर, 16 सितंबर, 30 सितंबरहरतालिका तीज (8 सितंबर), गणेश चतुर्थी (9 सितंबर)
अक्टूबरआश्विन19 अक्टूबर4 अक्टूबर16 अक्टूबर, 30 अक्टूबरशारदीय नवरात्रि आरंभ (5 अक्टूबर), दुर्गा अष्टमी (13 अक्टूबर), दशहरा (विजयादशमी) (15 अक्टूबर), शरद पूर्णिमा (19 अक्टूबर), करवा चौथ (22 अक्टूबर), धनतेरस (31 अक्टूबर)
नवंबरकार्तिक17 नवंबर3 नवंबर14 नवंबर, 28 नवंबरदीवाली (2 नवंबर), नरक चतुर्दशी (2 नवंबर), गोवर्धन पूजा (4 नवंबर), भाई दूज (5 नवंबर), छठ पूजा (9 नवंबर), कार्तिक पूर्णिमा (18 नवंबर)
दिसंबरमार्गशीर्ष17 दिसंबर2 दिसंबर13 दिसंबर, 28 दिसंबर

प्रश्न

पूर्णिमा क्या है?

पूर्ण चंद्रमा का दिन, शुक्ल पक्ष की अंतिम तिथि; बहुत लोग व्रत रखते हैं और विष्णु (सत्यनारायण) या चंद्रमा की पूजा करते हैं।

अमावस्या क्या है?

अमावस का दिन, कृष्ण पक्ष की अंतिम तिथि, जो परंपरा से पितरों के स्मरण (पितृ तर्पण) के लिए है।

एकादशी क्या है?

हर पक्ष की ग्यारहवीं तिथि, विष्णु को समर्पित और व्रत के रूप में रखी जाती है; साल में आमतौर पर 24, अधिक मास वाले साल में 26।

अलग-अलग कैलेंडर में ये तिथियाँ अलग क्यों होती हैं?

तिथियाँ किसी स्थान के सूर्योदय और सूर्य-चंद्रमा की सटीक स्थिति से गिनी जाती हैं, इसलिए शहरों या कैलेंडरों के बीच तारीख एक दिन खिसक सकती है। ये आपके शहर के लिए गणना की गई हैं।