वसंत पंचमी 2033: तिथि और पूजा मुहूर्त
माघ शुक्ल पक्ष का पाँचवाँ दिन, विद्या और संगीत की देवी सरस्वती को समर्पित।
नई दिल्ली, भारत के लिए तिथियाँ और समय
वसंत पंचमी 2033
शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 07:07 – 12:35
माघ शुक्ल पंचमी: 14:11, 3 फ़रवरी – 11:30, 4 फ़रवरी
वसंत पंचमी 2034
मंगलवार, 24 जनवरी 2034 · सरस्वती पूजा 07:12 – 12:33
माघ शुक्ल पंचमी: 09:04, 24 जनवरी – 07:04, 25 जनवरी
वसंत पंचमी की तिथियाँ 2033–2037
| वर्ष | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| 2033 | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 07:07 – 12:35 |
| 2034 | मंगलवार, 24 जनवरी 2034 · सरस्वती पूजा 07:12 – 12:33 |
| 2035 | सोमवार, 12 फ़रवरी 2035 · सरस्वती पूजा 07:01 – 12:35 |
| 2036 | शनिवार, 2 फ़रवरी 2036 · सरस्वती पूजा 07:08 – 12:34 |
| 2037 | बुधवार, 21 जनवरी 2037 · सरस्वती पूजा 07:13 – 12:32 |
नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
प्रमुख शहरों में वसंत पंचमी 2033
| शहर | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| नई दिल्ली | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 07:07 – 12:35 |
| मुंबई | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 07:11 – 12:52 |
| कोलकाता | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 06:14 – 11:50 |
| चेन्नई | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 06:34 – 12:22 |
| बेंगलुरु | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 06:45 – 12:33 |
| हैदराबाद | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 06:46 – 12:30 |
| पुणे | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 07:06 – 12:48 |
| अहमदाबाद | शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 · सरस्वती पूजा 07:17 – 12:53 |
तिथि आमतौर पर पूरे भारत में एक ही होती है; मुहूर्त का समय हर शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त से बदलता है।
यह क्या है
माघ शुक्ल पक्ष का पाँचवाँ दिन, विद्या और संगीत की देवी सरस्वती को समर्पित। यह वसंत के आगमन का दिन है; खिले हुए सरसों के खेतों का पीला रंग इसका रंग है।
इसका महत्व
सरस्वती के आशीर्वाद से विद्या और कला की शुरुआत का दिन, और वसंत की पहली आहट।
परंपरागत रूप से कैसे मनाया जाता है
दोपहर से पहले सरस्वती पूजा, उनके सामने पुस्तकें और वाद्य रखे जाते हैं, बच्चे अक्सर अपने पहले अक्षर लिखना शुरू करते हैं, और पीले वस्त्र व मिठाइयाँ।
- पीले कपड़े पहनें और पीले फूल व मिठाई चढ़ाएँ
- किताबें, कलम और वाद्य सरस्वती के सामने रखें
- पूर्वाह्न में सरस्वती पूजा
- बच्चे का पहला अक्षर (विद्यारंभ)
- दिन भर पढ़ाई और संगीत को हल्का और आनंदमय रखें
पूरे भारत में
पश्चिम बंगाल, ओडिशा और बिहार में सरस्वती पूजा विशेष रूप से भव्य होती है; पंजाब में पतंग और पीले कपड़ों से यह दिन मनाया जाता है।
प्रश्न
2033 में वसंत पंचमी कब है?
वसंत पंचमी शुक्रवार, 4 फ़रवरी 2033 को है, शुक्ल पंचमी तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
2034 में वसंत पंचमी कब है?
वसंत पंचमी मंगलवार, 24 जनवरी 2034 को है, शुक्ल पंचमी तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
वसंत पंचमी पर सरस्वती पूजा का समय क्या है?
नई दिल्ली के लिए: शुक्रवार, 4 फ़रवरी को 07:07 – 12:35। शहरों के बीच समय थोड़ा बदलता है।
वसंत पंचमी क्या है?
माघ शुक्ल पक्ष का पाँचवाँ दिन, विद्या और संगीत की देवी सरस्वती को समर्पित। यह वसंत के आगमन का दिन है; खिले हुए सरसों के खेतों का पीला रंग इसका रंग है।
2035 में वसंत पंचमी कब है?
सोमवार, 12 फ़रवरी 2035 · सरस्वती पूजा 07:01 – 12:35. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2036 में वसंत पंचमी कब है?
शनिवार, 2 फ़रवरी 2036 · सरस्वती पूजा 07:08 – 12:34. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2037 में वसंत पंचमी कब है?
बुधवार, 21 जनवरी 2037 · सरस्वती पूजा 07:13 – 12:32. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
पूरे भारत में वसंत पंचमी कैसे मनाया जाता है?
पश्चिम बंगाल, ओडिशा और बिहार में सरस्वती पूजा विशेष रूप से भव्य होती है; पंजाब में पतंग और पीले कपड़ों से यह दिन मनाया जाता है।