रक्षाबंधन 2100: तिथि और पूजा मुहूर्त

श्रावण की पूर्णिमा, भाई-बहन के बंधन का त्योहार।

नई दिल्ली, भारत के लिए तिथियाँ और समय

रक्षाबंधन 2100

गुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 16:20

श्रावण शुक्ल पूर्णिमा: 03:04, 19 अगस्त – 03:01, 20 अगस्त

रक्षाबंधन की तिथियाँ 2100–2104

वर्षतिथि और मुहूर्त
2100गुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 16:20

नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।

प्रमुख शहरों में रक्षाबंधन 2100

शहरतिथि और मुहूर्त
नई दिल्लीगुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 16:20
मुंबईगुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 16:31
कोलकातागुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 15:31
चेन्नईगुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 15:57
बेंगलुरुगुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 16:08
हैदराबादगुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 16:07
पुणेगुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 16:26
अहमदाबादगुरुवार, 19 अगस्त 2100 · राखी मुहूर्त 15:02 – 16:34

तिथि आमतौर पर पूरे भारत में एक ही होती है; मुहूर्त का समय हर शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त से बदलता है।

यह क्या है

श्रावण की पूर्णिमा, भाई-बहन के बंधन का त्योहार। बहन भाई की कलाई पर राखी बाँधती है और भाई उसका साथ निभाने का वचन देता है।

इसका महत्व

भाई-बहन के बंधन का त्योहार: बहन राखी बाँधती है और भाई साथ निभाने का वचन देता है।

परंपरागत रूप से कैसे मनाया जाता है

मुहूर्त में (परंपरा के अनुसार भद्रा के बाहर) राखी बाँधना, मिठाइयाँ, और उपहार।

  1. राखी, रोली, चावल, दीपक और मिठाई की थाली सजाएँ
  2. भद्रा से बचकर शुभ मुहूर्त में राखी बाँधें
  3. तिलक लगाएँ और मिठाई खिलाएँ
  4. उपहार और आशीर्वाद का आदान-प्रदान

पूरे भारत में

पश्चिमी तट के मछुआरा समुदायों के लिए नारली पूर्णिमा, और दक्षिण में अवनि अवित्तम (जनेऊ बदलना)।

प्रश्न

2100 में रक्षाबंधन कब है?

रक्षाबंधन गुरुवार, 19 अगस्त 2100 को है, शुक्ल पूर्णिमा तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।

रक्षाबंधन पर राखी मुहूर्त का समय क्या है?

नई दिल्ली के लिए: गुरुवार, 19 अगस्त को 15:02 – 16:20। शहरों के बीच समय थोड़ा बदलता है।

रक्षाबंधन क्या है?

श्रावण की पूर्णिमा, भाई-बहन के बंधन का त्योहार। बहन भाई की कलाई पर राखी बाँधती है और भाई उसका साथ निभाने का वचन देता है।

रक्षाबंधन परंपरागत रूप से कैसे मनाते हैं?

मुहूर्त में (परंपरा के अनुसार भद्रा के बाहर) राखी बाँधना, मिठाइयाँ, और उपहार।

पूरे भारत में रक्षाबंधन कैसे मनाया जाता है?

पश्चिमी तट के मछुआरा समुदायों के लिए नारली पूर्णिमा, और दक्षिण में अवनि अवित्तम (जनेऊ बदलना)।

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