नरक चतुर्दशी 2099: तिथि और पूजा मुहूर्त
दीवाली का दूसरा दिन, जिसे छोटी दीवाली भी कहते हैं।
नई दिल्ली, भारत के लिए तिथियाँ और समय
नरक चतुर्दशी 2099
बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 05:04 – 06:40
आश्विन कृष्ण चतुर्दशी (पूर्णिमांत कार्तिक): 23:30, 10 नवंबर – 20:12, 11 नवंबर
नरक चतुर्दशी 2100
सोमवार, 1 नवंबर 2100 · अभ्यंग स्नान 04:56 – 06:32
आश्विन कृष्ण चतुर्दशी (पूर्णिमांत कार्तिक): 16:11, 31 अक्टूबर – 12:36, 1 नवंबर
नरक चतुर्दशी की तिथियाँ 2099–2103
| वर्ष | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| 2099 | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 05:04 – 06:40 |
| 2100 | सोमवार, 1 नवंबर 2100 · अभ्यंग स्नान 04:56 – 06:32 |
नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
प्रमुख शहरों में नरक चतुर्दशी 2099
| शहर | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| नई दिल्ली | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 05:04 – 06:40 |
| मुंबई | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 05:07 – 06:43 |
| कोलकाता | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 04:10 – 05:46 |
| चेन्नई | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 04:29 – 06:05 |
| बेंगलुरु | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 04:40 – 06:16 |
| हैदराबाद | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 04:42 – 06:18 |
| पुणे | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 05:02 – 06:38 |
| अहमदाबाद | बुधवार, 11 नवंबर 2099 · अभ्यंग स्नान 05:14 – 06:50 |
तिथि आमतौर पर पूरे भारत में एक ही होती है; मुहूर्त का समय हर शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त से बदलता है।
यह क्या है
दीवाली का दूसरा दिन, जिसे छोटी दीवाली भी कहते हैं। यह नरकासुर पर कृष्ण की विजय की याद दिलाता है।
इसका महत्व
नरकासुर पर कृष्ण की विजय, जो भोर के स्नान और दीपों से मनाई जाती है।
परंपरागत रूप से कैसे मनाया जाता है
सूर्योदय से पहले तेल स्नान (अभ्यंग स्नान), शाम को दीपक, और दीवाली की तैयारी।
- भोर से पहले उठकर तेल स्नान (अभ्यंग स्नान)
- घर में दीपक जलाएँ
- स्थानीय परंपरा अनुसार परिवार के साथ उत्सव
- पकवान बाँटें
पूरे भारत में
उत्तर में छोटी दीवाली; तमिलनाडु और कर्नाटक में यही दीपावली का मुख्य दिन है।
प्रश्न
2099 में नरक चतुर्दशी कब है?
नरक चतुर्दशी बुधवार, 11 नवंबर 2099 को है, कृष्ण चतुर्दशी तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
2100 में नरक चतुर्दशी कब है?
नरक चतुर्दशी सोमवार, 1 नवंबर 2100 को है, कृष्ण चतुर्दशी तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
नरक चतुर्दशी पर अभ्यंग स्नान का समय क्या है?
नई दिल्ली के लिए: बुधवार, 11 नवंबर को 05:04 – 06:40। शहरों के बीच समय थोड़ा बदलता है।
नरक चतुर्दशी क्या है?
दीवाली का दूसरा दिन, जिसे छोटी दीवाली भी कहते हैं। यह नरकासुर पर कृष्ण की विजय की याद दिलाता है।
पूरे भारत में नरक चतुर्दशी कैसे मनाया जाता है?
उत्तर में छोटी दीवाली; तमिलनाडु और कर्नाटक में यही दीपावली का मुख्य दिन है।