महाशिवरात्रि 2041: तिथि और पूजा मुहूर्त
शिव की महान रात्रि, फाल्गुन (अमांत पंचांग में माघ) की अमावस्या से पहले कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को।
नई दिल्ली, भारत के लिए तिथियाँ और समय
महाशिवरात्रि 2041
शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 00:08 – 00:57
माघ कृष्ण चतुर्दशी (पूर्णिमांत फाल्गुन): 04:40, 1 मार्च – 00:55, 2 मार्च
महाशिवरात्रि 2042
मंगलवार, 18 फ़रवरी 2042 · निशीथ पूजा 00:09 – 01:00
माघ कृष्ण चतुर्दशी (पूर्णिमांत फाल्गुन): 19:49, 18 फ़रवरी – 16:38, 19 फ़रवरी
महाशिवरात्रि की तिथियाँ 2041–2045
| वर्ष | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| 2041 | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 00:08 – 00:57 |
| 2042 | मंगलवार, 18 फ़रवरी 2042 · निशीथ पूजा 00:09 – 01:00 |
| 2043 | सोमवार, 9 मार्च 2043 · निशीथ पूजा 00:07 – 00:55 |
| 2044 | शनिवार, 27 फ़रवरी 2044 · निशीथ पूजा 00:08 – 00:58 |
| 2045 | मंगलवार, 14 फ़रवरी 2045 · निशीथ पूजा 00:09 – 01:00 |
नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
प्रमुख शहरों में महाशिवरात्रि 2041
| शहर | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| नई दिल्ली | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 00:08 – 00:57 |
| मुंबई | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 00:26 – 01:14 |
| कोलकाता | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 23:24 – 00:13 |
| चेन्नई | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 23:56 – 00:45 |
| बेंगलुरु | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 00:07 – 00:55 |
| हैदराबाद | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 00:03 – 00:52 |
| पुणे | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 00:22 – 01:10 |
| अहमदाबाद | शुक्रवार, 1 मार्च 2041 · निशीथ पूजा 00:27 – 01:16 |
तिथि आमतौर पर पूरे भारत में एक ही होती है; मुहूर्त का समय हर शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त से बदलता है।
यह क्या है
शिव की महान रात्रि, फाल्गुन (अमांत पंचांग में माघ) की अमावस्या से पहले कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को। परंपरा इसे शिव के तांडव की और पार्वती से उनके विवाह की रात के रूप में याद करती है।
इसका महत्व
शिव भक्तों के लिए साल की सबसे महत्वपूर्ण रात: उपवास, प्रार्थना और स्मरण में जागने की रात।
परंपरागत रूप से कैसे मनाया जाता है
दिन भर का उपवास, जल, दूध और बेलपत्र से शिवलिंग का अभिषेक, ॐ नमः शिवाय का जाप, और रात्रि जागरण, मुख्य पूजा मध्यरात्रि (निशीथ) में।
- स्वास्थ्य अनुसार दिन भर उपवास
- शिवलिंग पर जल, दूध और बेलपत्र अर्पित करें
- ॐ नमः शिवाय या महामृत्युंजय मंत्र का जप
- रात भर जागरण, चारों प्रहर की पूजा
- अगली सुबह व्रत खोलें
पूरे भारत में
पूरे भारत में मनाई जाती है; ज्योतिर्लिंगों, काशी विश्वनाथ, सोमनाथ और महाकालेश्वर में, और नेपाल के पशुपतिनाथ में बड़े आयोजन।
प्रश्न
2041 में महाशिवरात्रि कब है?
महाशिवरात्रि शुक्रवार, 1 मार्च 2041 को है, कृष्ण चतुर्दशी तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
2042 में महाशिवरात्रि कब है?
महाशिवरात्रि मंगलवार, 18 फ़रवरी 2042 को है, कृष्ण चतुर्दशी तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
महाशिवरात्रि पर निशीथ पूजा का समय क्या है?
नई दिल्ली के लिए: शुक्रवार, 1 मार्च को 00:08 – 00:57। शहरों के बीच समय थोड़ा बदलता है।
महाशिवरात्रि क्या है?
शिव की महान रात्रि, फाल्गुन (अमांत पंचांग में माघ) की अमावस्या से पहले कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को। परंपरा इसे शिव के तांडव की और पार्वती से उनके विवाह की रात के रूप में याद करती है।
2043 में महाशिवरात्रि कब है?
सोमवार, 9 मार्च 2043 · निशीथ पूजा 00:07 – 00:55. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2044 में महाशिवरात्रि कब है?
शनिवार, 27 फ़रवरी 2044 · निशीथ पूजा 00:08 – 00:58. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2045 में महाशिवरात्रि कब है?
मंगलवार, 14 फ़रवरी 2045 · निशीथ पूजा 00:09 – 01:00. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
पूरे भारत में महाशिवरात्रि कैसे मनाया जाता है?
पूरे भारत में मनाई जाती है; ज्योतिर्लिंगों, काशी विश्वनाथ, सोमनाथ और महाकालेश्वर में, और नेपाल के पशुपतिनाथ में बड़े आयोजन।