गुरु पूर्णिमा 2044: तिथि और पूजा मुहूर्त
आषाढ़ की पूर्णिमा, गुरु के सम्मान में।
नई दिल्ली, भारत के लिए तिथियाँ और समय
गुरु पूर्णिमा 2044
रविवार, 10 जुलाई 2044
आषाढ़ शुक्ल पूर्णिमा: 09:30, 9 जुलाई – 11:52, 10 जुलाई
गुरु पूर्णिमा 2045
शुक्रवार, 28 जुलाई 2045
आषाढ़ शुक्ल पूर्णिमा: 01:17, 28 जुलाई – 03:40, 29 जुलाई
गुरु पूर्णिमा की तिथियाँ 2044–2048
| वर्ष | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| 2044 | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
| 2045 | शुक्रवार, 28 जुलाई 2045 |
| 2046 | बुधवार, 18 जुलाई 2046 |
| 2047 | रविवार, 7 जुलाई 2047 |
| 2048 | शनिवार, 25 जुलाई 2048 |
नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
प्रमुख शहरों में गुरु पूर्णिमा 2044
| शहर | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| नई दिल्ली | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
| मुंबई | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
| कोलकाता | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
| चेन्नई | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
| बेंगलुरु | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
| हैदराबाद | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
| पुणे | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
| अहमदाबाद | रविवार, 10 जुलाई 2044 |
तिथि आमतौर पर पूरे भारत में एक ही होती है; मुहूर्त का समय हर शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त से बदलता है।
यह क्या है
आषाढ़ की पूर्णिमा, गुरु के सम्मान में। यह व्यास पूर्णिमा भी है, जो वेदों के शिक्षक और महाभारत के रचयिता वेद व्यास की याद में है।
इसका महत्व
शिक्षकों और गुरुओं के प्रति कृतज्ञता का दिन, और महर्षि वेदव्यास का जन्मदिन।
परंपरागत रूप से कैसे मनाया जाता है
अपने शिक्षकों का सम्मान और उन्हें भेंट, व्यास की पूजा, और अध्ययन।
- अपने शिक्षकों से मिलें या उन्हें याद करें
- धन्यवाद के साथ फूल, फल या भेंट दें
- किसी धर्मग्रंथ या गुरु की शिक्षा का पाठ
- कोई साधना शुरू करें या दोहराएँ
पूरे भारत में
बौद्धों के लिए भी पवित्र, जो इस दिन बुद्ध के पहले उपदेश को याद करते हैं।
प्रश्न
2044 में गुरु पूर्णिमा कब है?
गुरु पूर्णिमा रविवार, 10 जुलाई 2044 को है, शुक्ल पूर्णिमा तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
2045 में गुरु पूर्णिमा कब है?
गुरु पूर्णिमा शुक्रवार, 28 जुलाई 2045 को है, शुक्ल पूर्णिमा तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
गुरु पूर्णिमा क्या है?
आषाढ़ की पूर्णिमा, गुरु के सम्मान में। यह व्यास पूर्णिमा भी है, जो वेदों के शिक्षक और महाभारत के रचयिता वेद व्यास की याद में है।
गुरु पूर्णिमा परंपरागत रूप से कैसे मनाते हैं?
अपने शिक्षकों का सम्मान और उन्हें भेंट, व्यास की पूजा, और अध्ययन।
2046 में गुरु पूर्णिमा कब है?
बुधवार, 18 जुलाई 2046. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2047 में गुरु पूर्णिमा कब है?
रविवार, 7 जुलाई 2047. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2048 में गुरु पूर्णिमा कब है?
शनिवार, 25 जुलाई 2048. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
पूरे भारत में गुरु पूर्णिमा कैसे मनाया जाता है?
बौद्धों के लिए भी पवित्र, जो इस दिन बुद्ध के पहले उपदेश को याद करते हैं।