दीवाली 2050: तिथि और पूजा मुहूर्त
रोशनी का त्योहार, कार्तिक (अमांत पंचांग में आश्विन) की अमावस्या को।
नई दिल्ली, भारत के लिए तिथियाँ और समय
दीवाली 2050
रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:01 – 19:31
आश्विन कृष्ण अमावस्या (पूर्णिमांत कार्तिक): 18:01, 13 नवंबर – 19:11, 14 नवंबर
दीवाली 2051
गुरुवार, 2 नवंबर 2051 · लक्ष्मी पूजा 18:20 – 20:11
आश्विन कृष्ण अमावस्या (पूर्णिमांत कार्तिक): 17:47, 2 नवंबर – 20:29, 3 नवंबर
दीवाली की तिथियाँ 2050–2054
| वर्ष | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| 2050 | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:01 – 19:31 |
| 2051 | गुरुवार, 2 नवंबर 2051 · लक्ष्मी पूजा 18:20 – 20:11 |
| 2052 | सोमवार, 21 अक्टूबर 2052 · लक्ष्मी पूजा 19:04 – 20:17 |
| 2053 | रविवार, 9 नवंबर 2053 · लक्ष्मी पूजा 17:50 – 19:46 |
| 2054 | शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2054 · लक्ष्मी पूजा 18:31 – 20:12 |
नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
प्रमुख शहरों में दीवाली 2050
| शहर | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| नई दिल्ली | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:01 – 19:31 |
| मुंबई | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:08 – 20:09 |
| कोलकाता | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:01 – 19:00 |
| चेन्नई | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:01 – 19:50 |
| बेंगलुरु | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:01 – 20:01 |
| हैदराबाद | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:01 – 19:49 |
| पुणे | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:05 – 20:06 |
| अहमदाबाद | रविवार, 13 नवंबर 2050 · लक्ष्मी पूजा 18:03 – 20:02 |
तिथि आमतौर पर पूरे भारत में एक ही होती है; मुहूर्त का समय हर शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त से बदलता है।
यह क्या है
रोशनी का त्योहार, कार्तिक (अमांत पंचांग में आश्विन) की अमावस्या को। यह राम के अयोध्या लौटने का उत्सव है और समृद्धि की देवी लक्ष्मी का स्वागत करता है।
इसका महत्व
रोशनी का त्योहार: राम की अयोध्या वापसी, और साफ़-सुथरे, उजले घरों में लक्ष्मी के स्वागत की संध्या।
परंपरागत रूप से कैसे मनाया जाता है
घरों की सफ़ाई और दीपों से रोशनी, द्वार पर रंगोली, और शाम के (प्रदोष) मुहूर्त में लक्ष्मी पूजा।
- घर की सफ़ाई और सजावट; द्वार पर रंगोली
- घर के भीतर-बाहर दीये जलाएँ
- संध्या (प्रदोष) मुहूर्त में लक्ष्मी-गणेश पूजा
- मिठाई बाँटें और परिवार-मित्रों से मिलें
- परंपरा अनुसार रात भर एक दीप जलता रखें
पूरे भारत में
धनतेरस से भाई दूज तक पाँच दिन का पर्व; उसी रात पश्चिम बंगाल में काली पूजा होती है।
प्रश्न
2050 में दीवाली कब है?
दीवाली रविवार, 13 नवंबर 2050 को है, कृष्ण अमावस्या तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
2051 में दीवाली कब है?
दीवाली गुरुवार, 2 नवंबर 2051 को है, कृष्ण अमावस्या तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
दीवाली पर लक्ष्मी पूजा का समय क्या है?
नई दिल्ली के लिए: रविवार, 13 नवंबर को 18:01 – 19:31। शहरों के बीच समय थोड़ा बदलता है।
दीवाली क्या है?
रोशनी का त्योहार, कार्तिक (अमांत पंचांग में आश्विन) की अमावस्या को। यह राम के अयोध्या लौटने का उत्सव है और समृद्धि की देवी लक्ष्मी का स्वागत करता है।
2052 में दीवाली कब है?
सोमवार, 21 अक्टूबर 2052 · लक्ष्मी पूजा 19:04 – 20:17. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2053 में दीवाली कब है?
रविवार, 9 नवंबर 2053 · लक्ष्मी पूजा 17:50 – 19:46. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2054 में दीवाली कब है?
शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2054 · लक्ष्मी पूजा 18:31 – 20:12. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
पूरे भारत में दीवाली कैसे मनाया जाता है?
धनतेरस से भाई दूज तक पाँच दिन का पर्व; उसी रात पश्चिम बंगाल में काली पूजा होती है।