अक्षय तृतीया 2062: तिथि और पूजा मुहूर्त
वैशाख शुक्ल पक्ष का तीसरा दिन, जिसके नाम का अर्थ है 'जो कभी क्षीण न हो'।
नई दिल्ली, भारत के लिए तिथियाँ और समय
अक्षय तृतीया 2062
गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 05:32 – 12:17
वैशाख शुक्ल तृतीया: 02:42, 11 मई – 23:27, 11 मई
अक्षय तृतीया 2063
मंगलवार, 1 मई 2063 · पूजा 05:40 – 12:18
वैशाख शुक्ल तृतीया: 18:47, 30 अप्रैल – 17:25, 1 मई
अक्षय तृतीया की तिथियाँ 2062–2066
| वर्ष | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| 2062 | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 05:32 – 12:17 |
| 2063 | मंगलवार, 1 मई 2063 · पूजा 05:40 – 12:18 |
| 2064 | शनिवार, 19 अप्रैल 2064 · पूजा 05:50 – 12:20 |
| 2065 | शुक्रवार, 8 मई 2065 · पूजा 05:34 – 12:17 |
| 2066 | मंगलवार, 27 अप्रैल 2066 · पूजा 05:43 – 12:19 |
नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
प्रमुख शहरों में अक्षय तृतीया 2062
| शहर | तिथि और मुहूर्त |
|---|---|
| नई दिल्ली | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 05:32 – 12:17 |
| मुंबई | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 06:05 – 12:35 |
| कोलकाता | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 04:58 – 11:33 |
| चेन्नई | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 05:44 – 12:05 |
| बेंगलुरु | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 05:55 – 12:16 |
| हैदराबाद | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 05:45 – 12:12 |
| पुणे | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 06:02 – 12:31 |
| अहमदाबाद | गुरुवार, 11 मई 2062 · पूजा 06:00 – 12:36 |
तिथि आमतौर पर पूरे भारत में एक ही होती है; मुहूर्त का समय हर शहर के सूर्योदय-सूर्यास्त से बदलता है।
यह क्या है
वैशाख शुक्ल पक्ष का तीसरा दिन, जिसके नाम का अर्थ है 'जो कभी क्षीण न हो'। परंपरा मानती है कि इस दिन शुरू किए गए अच्छे काम बढ़ते रहते हैं; इसे वर्ष के सबसे शुभ दिनों में गिना जाता है।
इसका महत्व
अक्षय का अर्थ है 'जो कभी कम न हो': परंपरा इस दिन को बिना अलग मुहूर्त के नई शुरुआत के लिए शुभ मानती है।
परंपरागत रूप से कैसे मनाया जाता है
दान, विष्णु और लक्ष्मी की पूजा, और नई शुरुआत; कई परिवार इस दिन सोना खरीदते हैं या नया काम शुरू करते हैं।
- सुबह विष्णु और लक्ष्मी की पूजा
- जल, अनाज, कपड़ों का दान
- नया काम या पढ़ाई शुरू करें
- परंपरा हो तो सोना या कुछ नया खरीदें
पूरे भारत में
परशुराम जयंती भी; इसी समय के आसपास चार धाम के कपाट खुलते हैं।
प्रश्न
2062 में अक्षय तृतीया कब है?
अक्षय तृतीया गुरुवार, 11 मई 2062 को है, शुक्ल तृतीया तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
2063 में अक्षय तृतीया कब है?
अक्षय तृतीया मंगलवार, 1 मई 2063 को है, शुक्ल तृतीया तिथि के अनुसार; नई दिल्ली के लिए गणना।
अक्षय तृतीया पर पूजा का समय क्या है?
नई दिल्ली के लिए: गुरुवार, 11 मई को 05:32 – 12:17। शहरों के बीच समय थोड़ा बदलता है।
अक्षय तृतीया क्या है?
वैशाख शुक्ल पक्ष का तीसरा दिन, जिसके नाम का अर्थ है 'जो कभी क्षीण न हो'। परंपरा मानती है कि इस दिन शुरू किए गए अच्छे काम बढ़ते रहते हैं; इसे वर्ष के सबसे शुभ दिनों में गिना जाता है।
2064 में अक्षय तृतीया कब है?
शनिवार, 19 अप्रैल 2064 · पूजा 05:50 – 12:20. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2065 में अक्षय तृतीया कब है?
शुक्रवार, 8 मई 2065 · पूजा 05:34 – 12:17. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
2066 में अक्षय तृतीया कब है?
मंगलवार, 27 अप्रैल 2066 · पूजा 05:43 – 12:19. नई दिल्ली के लिए गणना। अपने शहर के लिए ऊपर शहर बदलें।
पूरे भारत में अक्षय तृतीया कैसे मनाया जाता है?
परशुराम जयंती भी; इसी समय के आसपास चार धाम के कपाट खुलते हैं।